अमरूद की खेती (Guava Cultivation) कैसे करें?
अमरूद की खेती (Guava Cultivation) कैसे करें? पूरी जानकारी हिंदी में:
अमरूद (Guava) एक अत्यंत लोकप्रिय और पोषक फल है जो भारत के लगभग सभी हिस्सों में उगाया जाता है। इसकी खेती कम लागत में अधिक लाभ देने वाली मानी जाती है।
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अमरूद की खेती (Guava Cultivation) कैसे करें?
???? 1. जलवायु और भूमि का चयन:
- जलवायु: अमरूद की खेती के लिए उष्णकटिबंधीय और उपोष्णकटिबंधीय जलवायु उपयुक्त होती है।
- तापमान: 20°C से 35°C तापमान इसके लिए आदर्श है।
- भूमि: दोमट, बलुई दोमट और हल्की अम्लीय मिट्टी (pH 6.5–7.5) सबसे अच्छी रहती है।
???? 2. बुवाई का समय:
- पौधारोपण का समय:
- जून-जुलाई (मानसून में)
- फरवरी-मार्च (बसंत में)
???? 3. किस्में (उन्नत जातियाँ):
| किस्म का नाम | विशेषता |
|---|---|
| इलाहाबादी सफेदा | मीठा, रसीला और सफेद गूदा |
| लखनऊ 49 | अधिक उपज, सफेद गूदा |
| लाल फलदार | लाल रंग का फल, आकर्षक |
| अर्का मृदुला | कम बीज वाला |
| हाइब्रिड किस्में | Gwalior Hybrid, Punjab Pink आदि |
???? 4. पौध तैयार करना:
- बीज द्वारा: कम उपयोगी (फलों की गुणवत्ता घट सकती है)
- कलम विधि / ग्राफ्टिंग / एयर लेयरिंग द्वारा: बेहतर गुणवत्ता के लिए
???? 5. पौधों की दूरी और रोपाई:
- पंक्तियों के बीच दूरी: 6 मीटर × 6 मीटर
- 1 एकड़ में पौधों की संख्या: लगभग 110–120 पौधे
???? 6. सिंचाई प्रबंधन:
- बरसात के मौसम में सिंचाई की आवश्यकता नहीं
- गर्मियों में 7–10 दिन के अंतराल पर
- टपक सिंचाई (Drip Irrigation) बेहतर
???? 7. खाद एवं उर्वरक प्रबंधन:
| उम्र (वर्ष) | गोबर खाद | यूरिया | सिंगल सुपर फॉस्फेट | म्यूरेट ऑफ पोटाश |
|---|---|---|---|---|
| 1 साल | 10-15 किलो | 100 ग्राम | 150 ग्राम | 100 ग्राम |
| 3 साल | 25 किलो | 300 ग्राम | 500 ग्राम | 300 ग्राम |
| 5+ साल | 40 किलो | 500-600 ग्राम | 1 किलो | 500 ग्राम |
- खाद देने का समय: जुलाई-अगस्त और फरवरी-मार्च
✂️ 8. छंटाई और गुड़ाई:
- हर साल पेड़ों की छंटाई करें ताकि नई शाखाएँ निकलें।
- भूमि की गुड़ाई साल में 2 बार करें:
- जून-जुलाई में
- नवंबर-दिसंबर में
???? 9. रोग और कीट नियंत्रण:
- फल मक्खी: नीम तेल का छिड़काव करें
- चेपा कीट: रोगर या मेटासिस्टॉक्स का छिड़काव
- गुम्मी रोग: प्रभावित हिस्से को काटें और बोर्डो पेस्ट लगाएं
???? 10. तुड़ाई और उपज:
- फल परिपक्वता: फूल आने के 4–5 महीने बाद फल तैयार हो जाते हैं।
- तुड़ाई का समय: जब फल हल्के पीले रंग के होने लगें।
- एक पेड़ से उत्पादन:
- 5 साल की उम्र में 40–50 किलो
- पूर्ण विकसित पेड़ से 80–100 किलो तक
???? 11. आमदनी (लाभ):
- एक एकड़ से 10–15 टन तक उपज हो सकती है।
- बाजार में भाव ₹20–₹50/किलो होने पर एक एकड़ से ₹2–6 लाख तक की आमदनी संभव है।
✅ 12. अतिरिक्त सुझाव:
- ग्वारपाठा या गेंदा जैसे पौधे अमरूद के आसपास लगाकर कीट नियंत्रण में सहायता मिलती है।
- जैविक खेती से गुणवत्ता बेहतर होती है और बाजार में अच्छा मूल्य मिलता है।
